IGNOU BSKC-102 (July 2025 – January 2026) Assignment Questions
निम्नलिखित में से किन्हीं चार प्रश्नों का उत्तर लिखें।
1. वेद का अर्थ स्पष्ट करते हुए वेदों का प्रतिपाद्य विषय, वेदों की रचना एवं उनके महत्व का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
2. ब्राहमण ग्रंथों का अर्थ स्पष्ट करते हुए प्रमुख ब्राह्मण ग्रंथों का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
3. उपनिषद का अर्थ, परिभाषाएँ एवं प्रमुख उपनिषदों पर प्रकाश डालें।
4. रामायणकालीन समाज और संस्कृति का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
5. महाभारत विकास क्रम की रूपरेखा को स्पष्ट करते हुए महाभारत का पर्वानुसार वर्णन करें।
6. रामायणकालीन सामाज और संस्कृति पर प्रकाश डालें।
7. पुराणों की विषयवस्तु एवं विशेषताओं का वर्णन करें।
निम्नलिखित में से किन्हीं चार प्रश्नों का उत्तर लिखें।
8. संस्कृत व्याकरण शास्त्र के इतिहास को स्पष्ट करें।
9. पुराणों के ऐतिहासिक महत्व का वर्णन करें।
10. भारतीय दर्शन के इतिहास पर प्रकाश डालें।
11. महाभारत एक उपजीव्य काव्य है, स्पष्ट करें।
12. भारतीय दर्शन की जीवन में उपयोगिता को स्पष्ट करें।
13. रामायण का काल निर्धारण बताएँ।
14. संहिताओं की शाखाओं का वर्णन करें।
IGNOU BSKC-102 (July 2024 – January 2025) Assignment Questions
1. वैदिक साहित्य का परिचय दीजिए।
अथवा
संहिताओं का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
2. रामायण का परिचय देते हुए उसके काल निर्धारण का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
अथवा
महाभारत का पर्वानुसार विस्तारपर्दूक वर्णन करें।
3. पुरानों की विषयवस्तु एवं विशेषताओं का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
अथवा
पुराणों के सामाजिक और सांस्कृतिक महत्वों पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डालें।
4. संस्कृत व्याकरण शास्त्र के इतिहास पर प्रकाश डालें।
अथवा
भारतीय दर्शन के इतिहास का वर्णन करें।
5. पामिनी कालनिर्धारण का वर्णन कीजिए।
अथवा
संस्कृत व्याकरण में भारतीय दर्शन के जीवन में उपयोगित्ता को स्पष्ट करें।
6 पुराणों के ऐतिहासिक महत्च पर प्रकाश डालें।
अथवा
महाभारतकालीन समाज और संस्कृति को स्पष्ट करें।
7. निम्नलिखित में से किन्हीं दो पर टिप्पणी लिखिए।
1) सूत्र साहित्य
2) पुराण और महापुराण में अंतर
3) उपनिषद परिचय और प्रमुख उपनिषद
IGNOU BAFSK BSKC-102 (January 2024 – July 2024) Assignment Questions
1. वैदिक साहित्य का परिचय दीजिए।
अथवा
संहिताओं का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
2. रामायण का परिचय देते हुए उसके काल निर्धारण का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
अथवा
महाभारत का पर्वानुसार विस्तारपर्दूक वर्णन करें।
3. पुरानों की विषयवस्तु एवं विशेषताओं का विस्तारपूर्वक वर्णन करें।
अथवा
पुराणों के सामाजिक और सांस्कृतिक महत्वों पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डालें।
4. संस्कृत व्याकरण शास्त्र के इतिहास पर प्रकाश डालें।
अथवा
भारतीय दर्शन के इतिहास का वर्णन करें।
5. पामिनी कालनिर्धारण का वर्णन कीजिए।
अथवा
संस्कृत व्याकरण में भारतीय दर्शन के जीवन में उपयोगित्ता को स्पष्ट करें।
6 पुराणों के ऐतिहासिक महत्च पर प्रकाश डालें।
अथवा
महाभारतकालीन समाज और संस्कृति को स्पष्ट करें।
7. निम्नलिखित में से किन्हीं दो पर टिप्पणी लिखिए।
1) सूत्र साहित्य
2) पुराण और महापुराण में अंतर
3) उपनिषद परिचय और प्रमुख उपनिषद